वाराणसी। श्री काशी विश्वनाथ मंदिर परिसर स्थित ज्ञानवापी मामले में 31 जनवरी की तारीख बहुत खास रही, वाराणसी कोर्ट ने इस मामले में सुनवाई करते हुए व्यास जी के तहखाने में पूजा-पाठ करने की इजाजत दे दी है। जिसका इंतजार हिंदू पक्ष का बहुत समय से था। आने वाली सात फरवरी से व्यास परिवार द्वारा पूजा आरंभ कर दी जाएगी।
ज्ञानवापी मामले जिला जज अजय कृष्ण विश्वेश की अदालत ने ये आदेश दिया है। हिंदू पक्ष ने व्यास जी के तहखाने में पूजा पाठ की इजाजत मांगी थी। सोमनाथ व्यास का परिवार 1993 तक तहखाने में पूजा पाठ करता था। वर्ष 1992 में अयोध्य स्थित बाबरी विवादित ढ़ांचे को ध्वस्त किये जाने के बाद तत्कालीन मुलायम सिंह यादव की सरकार ने वर्ष 1993 में रोक लगा दी थी। आपको बता दें कि 17 जनवरी को व्यास जी के तहखाने को जिला प्रशासन ने कब्जे में लिया था। एएसआई सर्वे कार्रवाई के दौरान तहखाने की साफ-सफाई कराई गई थी।