मुहर्रम के मौके पर देश के अलग-अलग इलाकों से हिंसा की खबरें सामने
आई हैं। कहीं ताजिया निकालने के रूट को लेकर विवाद में लाठी डंडे चले तो कहीं
हिन्दुओं को घर में घुस कर पीटा गया, इसके अलावा
डीजे बजाने को लेकर भी बवाल और पथराव हुआ। देश के अलग-अलग हिस्सों में फिलिस्तीन
का झंडा लहराया गया, इसको लेकर भी बवाल हुआ। पुलिस को
मुहर्रम जुलूस के दौरान शान्ति व्यवस्था बनाने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।
प्रयागराज के लालापुर इलाके के अमिलिया गाँव में बुधवार (17 जुलाई, 2024) को मुहर्रम का जुलूस निकाला जा रहा था। यह लोग ताजिया लेकर
जुलूस निकाल रहे थे। जब यह जुलूस गाँव में ही रहने वाले अधिवक्ता अवधेश कुमार के
घर के पास पहुँचा तो जुलूस में शामिल युवकों ने हुल्लड़ मचाना चालू कर दिया। यह
युवक अवधेश कुमार की दीवाल पर चढ़ गए।
जब उनको ऐसा करने से मना किया गया तो उन्होंने अवधेश कुमार के
परिवार पर हमला बोला दिया। अवधेश कुमार के साथ ही उनके बेटे और बेटी पर तलवार और
कट्टों से हमला किया गया। बीच बचाव करने आए आसपडोस के लोगों पर भी मुहर्रम निकाल
रहे लोगों ने हमला किया। इस हमले में अवधेश कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए।
इलाके में तनाव कम करने के लिए भारी पुलिस और PAC बल को तैनात किया गया है। मामले में FIR भी दर्ज कर
ली बजाने गई है और 9 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। अवधेश
कुमार ने घर से ₹3 लाख के गहने लूटने का आरोप भी इमरान,
मिराज, सरताज समेत 10-12 लड़कों पर लगाया है।
उत्तर प्रदेश के बरेली में भी मुहर्रम पर जम कर हिंसा हुई। बरेली के अलीगंज इलाके में डीजे बजाने को लेकर काफी बवाल हुआ। जानकारी के
अनुसार, बरेली के अलीगंज इलाके में मुहर्रम के मौके पर
निकाले जाने वाले जुलूस को लकर पहले सहमति बनी थी मुस्लिम बड़ा डीजे नहीं लाएँगे।
हालाँकि, उन्होंने यह बाद में नहीं माना और बुधवार को दो बड़े
डीजे बाहर से मँगा लिए। इसको लेकर हिन्दू संगठनों ने विरोध किया। इसके बाद शाम को
थाने और पुलिस की गाड़ी पर भी पथराव हो गया। बाद में पुलिस बल लगाकर मामला शांत
करवाया गया।
भीलवाड़ा के कोटड़ी कस्बे में मुस्लिमों ने मुहर्रम जुलूस के दौरान
भगवा झंडा हटाया और उसे रौंदा, यह आरोप हिन्दू संगठनों
ने लगाया। हिन्दू संगठनों ने इस मामले में कार्रवाई की माँग की है। हिन्दू
व्यापारियों ने इसके विरोध में बाजार भी बंद कर दिया। हिन्दू संगठनों ने आरोप
लगाया कि जुलूस में शामिल लोगों ने जानबूझकर हिन्दू पताकाओं का अपमान किया है।
उत्तर प्रदेश के जालौन में भी मुहर्रम को लेकर बवाल हुआ। यहाँ डकोर कोतवाली क्षेत्र के
मुहम्मदाबाद गाँव में मुस्लिमों के दो गुट आपस में ही भिड गए। बताया गया कि गाँव
में दो ताजी के जुलूस निकल रहे थे। यह दोनों ही आपस में पहले ताजिया निकालने को
लेकर आपस में भिड़े। इसके बाद पथराव और लाठी डंडे चले। इसमें कई लोग घायल हो गए।
इसके बाद से इलाके में तनाव बना हुआ है और पुलिस बल को तैनात किया गया है।
झारखंड के हजारीबाग के बड़कागाँव थाना क्षेत्र के नयाटांड में भी दो
पक्षों के बीच हिंसा हो गई। दरअसल, इस इलाके रामनवमी और मुहर्रम के जुलूस को
लेकर पिछले कुछ समय से विवाद है। इसी को लेकर दो युवक धरने पर बैठे हुए थे। उनको
गिरफ्तार कर लिया गया। इसके बाद जब इसी रूट पर मुहर्रम का जुलूस निकला तो बवाल हो
गया। इसके बाद स्थिति बिगड़ गई और पथराव होने लगा। इस पथराव में कई पुलिसकर्मी भी
घायल हो गए। अब इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल भेजा गया है।
धनबाद के पांडरपाला इलाके में मुहर्रम जुलूस का रूट बदलने को लेकर हिंसा हुई। बताया गया कि पांडरपाला इलाके में
मुहर्रम का जुलूस कुम्हार टोला में पहुँचा तो रास्ते को लेकर दूसरे पक्ष ने प्रश्न
उठाए। इसके बाद बवाल चालू हुआ। यहाँ थोड़ी देर में ही पथराव होने लगा। बताया गया कि
इसके बाद घरों पर पत्थर फेंके गए। बताया गया कि दोनों पक्षों ने एक दूसरे के घरों
पर लाठी डंडों से भी हमला किया। पुलिस ने यहाँ बल प्रयोग किया। झारखंड में ही
बिहार झारखंड सीमा पर भी बड़ा बवाल हुआ और पथराव किया गया।
बिहार के मोतिहारी में मुहर्रम के मौके पर मुस्लिमों के दो पक्ष ही
पास में भिड गए। बताया गया कि यहाँ भी रूट को लेकर
विवाद हुआ। यहाँ के नकरदेई गाँव में एक जुलूस निकल रहा था। इस दौरान दूसरे मुस्लिम
पक्ष के लोग बवाल करने लगे। दोनों पक्ष के बीच पथराव भी होने लगा। इसके बाद जुलूस
निकाल रहे लोगो ने नईम खान के घर पर फायरिंग कर दी और लाठियों से हमला कर दिया।
बाद में पुलिस ने पहुँच कर मामला शांत करवाया।
झारखंड के दुमका में मुहर्रम के जुलूस के दौरान फिलिस्तीन का झंडा
लहराया गया। बताया गया कि दुधानी इलाके में मुहर्रम का जुलूस निकालने के दौरान कुछ
युवक फिलिस्तीन का झंडा लहराने लगे। इसके बाद एक बस पर चढ़ कर करतब दिखाया गया। यह
फोटो फेसबुक पर भी वायरल की गईं।
झारखंड के गोड्डा सांसद निशिकांत दुबे ने भी इस मुद्दे को उठाया। उन्होंने एक्स
(ट्विटर) पर लिखा, “संथाल परगना में आदिवासी समाज को भगाकर अब
घुसपैठियों का मन इतना बढ़ गया है कि झारखंड की उप राजधानी दुमका जो हेमंत सोरेन
जी का कर्म क्षेत्र है वहाँ आज मुहर्रम के जुलूस में फ़िलिस्तीन का झंडा लहराया
गया । गृह मंत्रालय को जाँच कर देशद्रोही तालिबानी समर्थकों को फाँसी दिलाना
चाहिए।”
श्रीनगर में मुहर्रम के जुलूस के दौरान फिलस्तीन के झंडे लहराए गए। इसकी कई फोटो और वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुईं। इसके बाद पुलिस प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए कई युवकों को गिरफ्तार कर लिया। उनके खिलाफ मामला भी दर्ज किया गया है।
समाचार सौजन्य- ऑप इंडिया
#muharram