नालंदा विश्वविद्लाय विश्व पटल पर छायेगा, ज्ञान की गंगा बहायेगा
नालंदा विश्वविद्यालय, जिसकी चर्चा
होते ही इस्लामिक आक्रांता बख्तियार खिलजी द्वारा दिया गया वह दंश कौध जाता है जब
यह पौराणिक अमिट धरोहर कई महीनों तक धधकती रही थी। भारतीय ज्ञान दर्शन का नष्ट
करने के लिये इस कूकृत्य को किया गया था। इसी विश्वविद्यालय के नवनिर्मित भवन का
बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उद्घाटन किया है। इससे पहले प्रदानमंत्री
ने नालंदा विश्वविद्यालय के उन भग्नावशेष का अवलोकिन किया जो इस प्राचीन विद्या के
केंद्र की कहानी बयां करते हैं। नालंदा यूनिवर्सिटी का निर्माण 455 एकड़ में किया गया.
इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि तीसरी बार प्रधानमंत्री का कार्यकाल संभालने के 10 दिनों के अंदर बिहार के नालंदा पहुंचा हूं, नालंदा आना मेरा सौभाग्य है, नालंदा एक नाम नहीं पहचान है. आग की लपटों में भले ही किताबें जल गयी हो लेकिन ज्ञान नहीं मिटाया जा सकता है। नालंदा का यह नया कैंपस विश्व को भारत के सामर्थ्य का परिचय देगा। उद्घाटन से पहले पीएम मोदी नालंदा खंडहर घूमने के बाद नालंदा यूनिवर्सिटी कैंपस में पौधारोपण भी किया।
क्या है इस विश्वविद्यालय की
विशेषताएं
वर्तमान समय मे नालंदा विश्वविद्यालय में कुल 17 देश के 400 विद्यार्थी अध्ययन कर रहे हैं। स्नातकोत्तर एवं पीएचडी के कुल सात विषयों की पढ़ाई हो रही है। जबकि दो विषय इस शैक्षणिक सत्र से शुरू होने वाला है। वहीं डिप्लोमा और सर्टिफिकेट कोर्स के लिए कुछ 10 विषयों की पढ़ाई हो रही है। नालंदा विश्वविद्यालय कैंपस में एशिया की सबसे बड़ी लाइब्रेरी भी बन रही है। लोकसभा चुनाव परिणाम के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज पहली बार बिहार पहुंचे हैं।
लोकसभा चुनाव रिजल्ट और तीसरी बार देश के प्रधानमंत्री बनने
के बाद पीएम नरेंद्र मोदी आज बिहार दौरे पर पहुंचे हैं। पटना आज सुबह करीब 9:20 बजे गया
एयरपोर्ट पहुंचे। गया एयरपोर्ट पर केंद्रीय मंत्री जीतन मांझी एवं सहकारिता मंत्री
डॉ प्रेम कुमार समेत अन्य एनडीए के अन्य नेताओं ने पीएम मोदी का स्वागत किया। वहीं
इसके बाद पीएम मोदी सेना के विशेष विमान से नालंदा के लिए रवाना हो गए।
पीएम नरेंद्र मोदी बिहार के नालंदा यूनिवर्सिटी राजगीर
कैंपस का उद्घाटन कर राष्ट्र को समर्पित किया है। इधर पीएम मोदी के साथ सीएम नीतीश
कुमार, राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेनकर के साथ कई बड़े नेता ने भाग लिया। वहीं
17 देश के राजदूत के साथ साथ नालन्दा विश्विद्यालय के छात्र
ने भी इस उद्घघाटन कार्यक्रम में भाग लिया। 455 एकड़ में
नालंदा यूनिवर्सिटी का निर्माण किया गया है। जहां 221 संरचनाएं
हैं। जिसे तत्कालीन विदेश मंत्री सुषमा स्वराज के द्वारा 19 सितंबर
2014 को इसके निर्माण का नींव रखी गई थी। अब 10 साल बाद इसका उद्घघाटन भारत के पीएम नरेंद्र मोदी के द्वारा किया जा रहा
है। इस नालन्दा विश्वविद्यालय में जहां 100 एकड़ में कुल चार
तालाबों का समूह है। वहीं डेढ़ सौ एकड़ में पेड़ पौधे लगाए गए हैं। जहां जलवायु
परिवर्तन में सुधार हो सके।